टेलीग्राम चैनल जॉइन करें - रोज़ाना नई कहानी अपडेट के लिए

मैं कुकोल्ड बन गया पार्ट – 10

Husband ke samne wife ki chudai sex story: हाय गाइज मेरा नाम असगर है, अभी मैं अपनी बीवी की चुदाई गैर मर्द के साथ की कहानी लिख रहा हूँ, यह 10वां भाग है, अगर आपने पिछला भाग नहीं पढ़ा, तो अभी पढ़े: मैं कुकोल्ड बन गया पार्ट – 09

अब आगे की कहानी:

दोस्तों अहमद बोला, “चल अब चूत बहुत मार ली कुत्तिया बन अब तेरी गांड की बारी है।”

नाजिश बोली, “हां जरूर क्यों नहीं बन गई आ जाओ।”

मेरी पत्नी कुत्तिया बन गई। अहमद उसकी पीठ से किस करते करते उसकी गांड पर आया। उसका गुदा भी चाटने लगा। मेरी पत्नी मजा में चूर थी और मैं मुठ मारते मारते इनको देख रहा था।

फिर अहमद ने अपना लिंग मेरी तरफ किया। मैं समझ गया और चूसना शुरू कर दिया। बहुत मजा लेकर चूसने लगा और गले तक ले जाने लगा। मैं वैसे भी गर्ल के गेटअप में था। खुद को पूरी लड़की समझकर चूस रहा था।

अहमद बोला, “उफ्फ यार क्या चूसता है तू। अब बस भी कर वरना तेरे मुंह में छूट जाऊंगा अभी तेरी वाइफ की गांड भी मारनी है।”

नाजिश बोली, “जान चूसने दो मेरे हसबैंड की भी प्यास बुझा दो ना पहले इसकी मोटी गांड मार लो। देखो आज कितनी सेक्सी तैयार हुई है तुम्हारे लिए।”

अहमद बोला, “ठीक कह रही हो आ जा मेरी जान। असगर आज तेरी गांड मारकर फिर तेरी वाइफ की मारूंगा।”

मैं बोला, “थैंक्स जानू।”

मैं वैसे ही तरप रहा था। मेरी पत्नी समझ गई थी इसलिए उसने अहमद को मेरी गांड मारने को कहा। मैं उल्टा हुआ और अहमद का लिंग तो गीला था ही मेरी चुसाई से। बस फिर अहमद ने जोर का झटका लगाया और मेरा पूरा लिंग मेरी गांड में घुस गया।

मैं बोला, “आह उफ्फ अहमद थोड़ा रहम करो इतना जोर से कोई डालता है क्या।”

अहमद बोला, “चुप कर कुत्तिया तू और तेरी वाइफ अब मेरी पर्सनल रंडियां हो। तुम दोनों को जैसे चाहे वैसे चोदूंगा। साली ऐसी मस्त गांड है तेरी।”

नाजिश बोली, “गांड तो मस्त है अब चुदाई शुरू करो इसकी और जबरदस्त चुदाई करना पूरी गांड फाड़ दो इस गांडू की। साला लौली लेकर मुझे चुद रहा था इतने सालों से। मार आज इसकी गांड।”

अहमद बोला, “उफ्फ जान तेरा हसबैंड चुदवाने के लिए बना है चोदने के लिए नहीं। जरा देख इसका मुलायम जिस्म ये सेक्सी गांड लगता है औरत बनते बनते आदमी बन गया।”

आप यह Pati ke dost se chudai हमारी वेबसाइट फ्री सेक्स कहानी डॉट इन पर पढ़ रहे है। और ऐसी कहानियां पढ़ने के लिए दोबारा विजिट करें Free Sex Kahani

मैं बोला, “आह हां मैं औरत ही हूं जानू प्लीज मुझे चोदो आह तुम मेरे मर्द हो मारो मेरी गांड यस यस।”

अहमद मेरी गांड मारता रहा और मुझे भी बहुत मजा आ रहा था। मेकअप विग वगैरह सब था मुझे बिल्कुल औरत जैसा फील हो रहा था।

ऐसे ही चुदाई चल रही थी कि मेरी पत्नी मेरे सामने आकर लेट गई।

नाजिश बोली, “चल अब मेरी चूत चाट। तुम लोगों की चुदाई देख कितनी गीली हो गई है देखो।”

मैं बोला, “गीली और अमृत जैसी भू म्म्म्ह्ह।”

अहमद बोला, “क्या मस्त माल हो तुम दोनों अभी भी यकीन नहीं आता मैं इन दो सेक्सी जिस्मों की चुदाई कर रहा हूं।”

नाजिश बोली, “यकीन कर लो अब मेरे हसबैंड के जिस्म की भूख मिटा के मेरे जिस्म की भूख भी मिटा दो।”

अहमद मेरी चुदाई करता रहा और मैं अपनी पत्नी की चूत उत्तेजना के मारे मजा से चूस रहा था। इतना कि मेरी पत्नी छूट गई और मेरी भी। अहमद ने इतनी जोर जोर से गांड मारी कि मेरा लिंग भी पानी छोड़ गया।

नाजिश बोली, “उफ्फ वाह आज तक मेरा हसबैंड मेरा पानी नहीं निकाल सका और आज इतना बड़ा लिंग लेकर मुझे इसने झड़ा दिया है।”

अहमद बोला, “इससे शुरू से लिंग की प्यास थी मेरी जान अब जो मिल गया है देख लो खुद भी झरा और तुम्हें भी झरा दिया।”

मैं बोला, “सही कह रहे हो अहमद मुझे भी नहीं पता था कि मैं इतना प्यासा हूं। मैं गांड में ये सालों से जो खुजली थी ये लिंग के लिए थी ये अब समझ आया।”

नाजिश बोली, “मेरे गांडू की खुजली तो मिटा दी अब मेरा कुछ करो अहमद डार्लिंग।”

अहमद बोला, “हां मेरी जान अब तुम्हारी ही बारी है।”

मेरी चुदाई काफी देर से कर रहा था अहमद। अब मेरी पत्नी अपनी गांड में लेने वाली थी। जैसे कि अहमद से कहा था कि आज वो जंगली की तरह चुदाई करेगा हमारी। तो मेरी पत्नी को उसने कुत्तिया बनाया और पीछे से घुसा दिया। अचानक पूरा लिंग मेरी पत्नी की चीखें निकल गईं।

नाजिश बोली, “आआह उफ्फ अहमद मेरी जान ले के रहोगे तुम।”

आप यह Pati ke dost se chudai हमारी वेबसाइट फ्री सेक्स कहानी डॉट इन पर पढ़ रहे है। और ऐसी कहानियां पढ़ने के लिए दोबारा विजिट करें Free Sex Kahani

अहमद बोला, “जान नहीं तेरी गांड लेनी है आज। तेरा गांडू हसबैंड की तो फाड़ दी अब तेरी गांड फाड़ूंगा।”

सच में अहमद ने मेरी गांड फाड़ चुदाई की थी। आज मैं साइड में लेटा अपनी पत्नी की चुदाई देख रहा था। अहमद को आज जैकपॉट मिल गया था। वो अब खुलकर आराम से चुदाई कर सकता था जिसका उसने खूब फायदा उठाया और मेरी पत्नी को जानवरों की तरह चोदता रहा।

नाजिश बोली, “ये बेबी यस यू आर द बेस्ट उफ्फ क्या मस्त चुदाई करते हो आह।”

अहमद बोला, “मेरी जान तू सही वाली चुदक्कड़ है। अपने हसबैंड के सामने कैसे चुद रही है।”

नाजिश बोली, “हसबैंड की लौली से चुदाई नहीं होती तभी तेरे साथ चुद रही हूं और मेरा हसबैंड देख कितना मजा लेकर मेरी चुदाई देख रहा है।”

मैं बोला, “सही कह रही है सालों से बेचारी की असली चुदाई का सुख नहीं दे सका। आज इससे वो सुख दे दो अहमद।”

अहमद पर फुल सेक्स सवार था। उसने मेरी पत्नी को उल्टा लिटा दिया और लिंग उसकी गांड में देकर चुदाई करने लगा। उसकी गर्दन पर शोल्डर पर किसिंग करता कभी काटता जिससे मेरी पत्नी और मधोश हो रही थी। मेरी पत्नी के पूरे जिस्म पर अहमद अपने हाथ फेर रहा था और उसकी गांड पर थप्पड़ भी मार रहा था।

उफ्फ मेरा भी लिंग खड़ा हो गया था। मैं मुठ मारने लगा था।

अहमद बोला, “क्या मलाई जैसा जिस्म है मेरी जान तेरा। तुझे तो पोर्नस्टार होना चाहिए था। पीटा जेनसन जैसी तेरी गांड है। केन्द्रा लस्ट जैसे बूब्स हैं। उफ्फ और बाकी जिस्म कमर और लेग्स लिसा एन जैसी हैं।”

नाजिश बोली, “अच्छा ये सब भी मेरी तरह चुदक्कड़ हैं क्या।”

अहमद बोला, “हां मेरी जान सही में तू अगर पोर्नस्टार होती तो इतने बड़े मोटे लंबे खड़े लिंग मिलते तुझे और इनको लेने के पैसे मिलते वो अलग।”

नाजिश बोली, “आह यस उफ्फ। हां वो तो है पर आई लव माय प्राइवेसी मुझे बस मजा लेने हैं सेक्स के उनकी तरह पर बिना दुनिया को दिखाए।”

मैं बोला, “तुम फिकर मत करो जान तुम्हारे जिस्म की भूख के लिए मैं ढूंढूंगा नए नए लिंग।”

अहमद बोला, “ऐसा हसबैंड हो तो तुम्हें मजा लेने से कोई नहीं रोक सकता मेरी जान। ऐसे जिस्म के लिए तो सौ ठोक मिल जाएंगे।”

अहमद की बात सही थी। मेरी पत्नी बहुत सेक्सी थी। उसके लिए सौ मिल जाएं पर मुझे सिर्फ पत्नी के लिए मेरे लिए चाहिए थे ऐसे जो हम दोनों की चुदाई कर सकें। और हमें मिले भी ऐसे वो आपको आगे पता चलेगा कैसे।

आप यह Pati ke dost se chudai हमारी वेबसाइट फ्री सेक्स कहानी डॉट इन पर पढ़ रहे है। और ऐसी कहानियां पढ़ने के लिए दोबारा विजिट करें Free Sex Kahani

अहमद मेरी पत्नी की गांड एक घंटे से चोद रहा था। कभी मेरी पत्नी ऊपर आकर चुदती कभी अहमद ऊपर होता कभी अहमद उसे गोद में उठाकर भी चोदता। ऐसे मेरी पत्नी एक घंटे में पांच दफा झड़ चुकी थी।

नाजिश बोली, “आह जानू आज तो तुमने गांड सच में फाड़ दी। अब बस भी करो थोड़ा रहम खाओ और अपना पानी निकाल दो मेरी गांड में।”

अहमद बोला, “उफ्फ मेरी जान तेरी गांड से जी ही नहीं भरता क्या करूं पर तू फिकर मत कर मेरा होने वाला है बस।”

अहमद मेरी पत्नी को खड़ा करके दीवार से लगा कर चोद रहा था और जोर जोर से चुदाई करते करते छूट गया। उसकी गांड में और बाहर निकालकर आधा पानी मेरी पत्नी की गांड पर गिरा दिया।

मैं बोला, “वाह इतना पानी।”

अहमद बोला, “मेरी जान तेरे लिए ही है। तेरी वाइफ की गांड चाटकर पी जा सारा पानी।”

उसके बोलने की देर थी कि मैं शुरू हो गया। मेरी पत्नी की गांड चाटने लगा। उसका गुदा वगैरह सब चाट के साफ कर दिए।

नाजिश बोली, “उफ्फ आज तो इतना मजा आया जितना कभी नहीं आया। और चाटो मेरी गांड उफ्फ ऐसा हसबैंड सबको मिले।”

अहमद थककर बैठ गया। आज उसने बहुत मेहनत की थी। मेरी पत्नी ने मुझे अपनी तरफ खींचा और मुझे किस करने लगी। मेरी जीभ वगैरह चाटने लगी और मेरा लिंग पकड़कर मुठ मारने लगी। इतनी सेक्सी औरत मुठ मारे तो कोई कैसे ज्यादा देर टिके। मैं दो मिनट में झड़ गया।

मैं बोला, “उफ्फ जान थैंक्स।”

नाजिश बोली, “क्या थैंक्स कभी दो मिनट से ज्यादा भी चला करो।”

मैं बोला, “जान मैं दो मिनट चलूं या बीस मिनट इतने छोटे से तुम्हारा कुछ नहीं होने वाला।”

नाजिश बोली, “हां बात तो सही है।”

अहमद बोला, “जानू अब इससे जल्दी छूटने की शिकायत छोड़ दो। अब तुम्हें मेरा लिंग लेना है और भी बड़े बड़े लेने हैं और अकेले नहीं लेने। अपने हसबैंड के साथ लेने हैं।”

नाजिश बोली, “हां जान लूंगी जरूर लूंगी।”

आप यह Pati ke dost se chudai हमारी वेबसाइट फ्री सेक्स कहानी डॉट इन पर पढ़ रहे है। और ऐसी कहानियां पढ़ने के लिए दोबारा विजिट करें Free Sex Kahani

इतनी ज्यादा इंटेंस चुदाई के बाद हम सब थक गए थे। फिर हम तीनों सो गए।

सुबह मेरी आंख खुली तो मेरी पत्नी और अहमद बेड पर नहीं थे पर वॉशरूम से शावर की आवाज आ रही थी। तो मैंने मोबाइल उठाया। सीसीटीवी तो लगा था वॉशरूम में। अंदर अहमद मेरी पत्नी की चूत मार रहा था और मेरी पत्नी भी मजा में थी।

नाजिश बोली, “ओह अहमद तुम असली मर्द हो। कल इतना चोदने के बाद भी तुममें इतनी हिम्मत है।”

अहमद बोला, “मेरी जान तेरा जिस्म ही ऐसा है जो कोई नामर्द भी देख ले तो उसका भी खड़ा हो जाए।”

नाजिश बोली, “आह अहमद सच में?”

अहमद बोला, “सच में मेरी जान ये बूब्स ये गांड तू बनी ही चुदाई के लिए है।”

दोनों शावर में लगभग आधा घंटा रहे और मैं भी इन्हें देखकर मुठ मारना शुरू कर दिया था।

नाजिश बोली, “उफ्फ अहमद अब जल्दी से मुझे अपना माल चखा दो। कल भी मेरा हसबैंड पूरा पी गया।”

अहमद बोला, “हां मेरी जान आ जाओ घुटनों पे। आह उफ्फ चूसो मेरा।”

मेरी पत्नी अहमद के लिंग का सही चुस्सा लगाने लगी। मैं तो ये सेक्सी सीन देखकर झड़ गया। फिर अहमद भी मेरी पत्नी के ब्लोजॉब से झड़ गया और मेरी पत्नी उसका पूरा पानी पी गई। और दोनों फिर नहाकर बाहर निकले।

नाजिश बोली, “अरे जग गए तुम।”

मैं बोला, “हां तुम दोनों साथ नहा रहे थे।”

अहमद बोला, “हां यार असगर तेरी वाइफ सच में बहुत भूखी है। इससे चाहिए था बस फिर मैं ले गया शावर में।”

मैं बोला, “अच्छा किया जानू। तू जब चाहे मेरी पत्नी को या मुझे चोद सकता है। और अगर अकेले में वाइफ को चोदना हो तो भी चोद लेना। तुझे कोई मना नहीं।”

नाजिश बोली, “थैंक्स जानू यू आर द बेस्ट।”

आप यह Pati ke dost se chudai हमारी वेबसाइट फ्री सेक्स कहानी डॉट इन पर पढ़ रहे है। और ऐसी कहानियां पढ़ने के लिए दोबारा विजिट करें Free Sex Kahani

अहमद बोला, “हां यार तू मस्त है पर अभी मुझे जाना होगा। बाकी जब भी मौका मिलेगा मैं आऊंगा। तुम दोनों मेरे अलावा भी एंजॉय करो। किसी के भी साथ अपने जिस्म की आग को बुझाओ जब भी तुम्हारा दिल करे।”

दोस्तों प्लीज मुझे बताओ कि आपको मेरी कहानी कैसी लगी। प्लीज बताएं आपको मेरी कहानियां पसंद आ रही हैं या नहीं।

कहानी का अगला भाग: मैं कुकोल्ड बन गया पार्ट – 11

⚠️

⚠️ महत्वपूर्ण अस्वीकरण

ये सभी कहानियाँ केवल काल्पनिक हैं।
इनका वास्तविक जीवन से कोई संबंध नहीं है।

सेक्स हमेशा सहमति पर आधारित होना चाहिए।
बिना सहमति के कोई भी कार्य गलत और दंडनीय है।

इन कहानियों से प्रेरित न हों।
बस पढ़ें, आनंद लें और भूल जाएं।

2 thoughts on “मैं कुकोल्ड बन गया पार्ट – 10”

  1. मुझे भी बहुत मजा आता है जब बीवी रण्डी बन कर ग्राहक से चुदबाती है तब में खुद बीवी के लिए ग्राहक लाता हु और वो चुदबाती है जब ग्राहक चोद के बाहर आता है तो में उसको दिखाने के लिए सिर्फ ब्रा पैंटी पहनकर उससे चोदने के पैसे लेता हु और किसी किसी का मुड़ बन जाये तो लौड़ा भी चूसता हु

Comments are closed.