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मैं कुकोल्ड बन गया पार्ट – 12

Blowjob training sex story: हाय गाइज मेरा नाम असगर है, अभी मैं अपनी बीवी की चुदाई गैर मर्द के साथ की कहानी लिख रहा हूँ, यह 12वां भाग है, अगर आपने पिछला भाग नहीं पढ़ा, तो अभी पढ़े: मैं कुकोल्ड बन गया पार्ट – 11

अब आगे की कहानी:

आपकी प्यारी भाभी नाजिश हाजिर है अपनी स्टोरी का एक और पार्ट लेकर। अब ज्यादा देर न करते हुए स्टोरी पर आती हूं।

अंकल बोले, “नाजू जान मजा आ रहा है अब।”

मैं बोली, “जी अंकल आ रहा है।”

अंकल बोले, “अच्छा स्पीड बढ़ाऊं अब थोड़ी।”

मैं बोली, “जी अंकल करें।”

अंकल बोले, “ऐसे नहीं मुंह से बोलो कि चोदो मुझे मेरी चूत मारो। ऐसे बोलो तो मजा आए ना।”

मैं बोली, “अंकल मुझे शर्म आती है।”

अंकल बोले, “अंकल नहीं तेरा यार हूं मैं। अभी तेरी चूत में हूं अब कैसी शर्म। बोल।”

मैं बोली, “अच्छा चोदो मुझे जानू।”

अंकल जोर से चोदते हुए बोले, “जान जोर से और जोर से बोल।”

मैं बोली, “उफ्फ अंकल चोदो मुझे आह मेरी चूत उफ्फ।”

अंकल बोले, “आज तू औरत बन गई है। तेरी चूत को मैंने अपना रस डालना है।”

मैं बोली, “आह अंकल नहीं ऐसे तो बच्चा हो जाता है ना।”

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अंकल बोले, “हाहाहा मेरी जान गोली है मेरे पास वो खाना कुछ नहीं होगा।”

मैं बोली, “आह अंकल चोदो मुझे जोर से प्लीज बहुत मजा आ रहा है मुझे।”

अंकल बोले, “मैंने कहा था ना दर्द के बाद मजा ही मजा है।”

मैं बोली, “आह हां अंकल बहुत मजा आ रहा है। थैंक यू आपने मेरी कुंवारी चूत ली।”

अंकल के साथ ये पहली बार का मजा ही अलग था। उन्होंने मुझे पहली बार एक घंटे तक चोदा और मुझे उस दिन पता चला कि औरत का असली सुख क्या होता है।

अंकल बोले, “आह मेरी जान मैं निकलने वाला हूं।”

मैं बोली, “उफ्फ अंकल निकाल दो प्लीज मेरी चूत तरप रही है बहुत।”

अंकल ने मेरी चूत में ही अपना सारा माल निकाल दिया और मुझे किस करने लगे। ऐसे ही करते करते पता नहीं कब मेरी आंख लग गई। पता ही नहीं चला।

सुबह मैं उठी तो नीचे काफी दर्द हो रहा था। बेडशीट खून से लाल थी। मुझसे उठा भी नहीं जा रहा था। इतने में अंकल आए।

अंकल बोले, “अरे रुको आराम से। पहली बार में इतनी जल्दबाजी नहीं करते।”

मैं बोली, “अंकल बहुत दर्द हो रहा है।”

अंकल बोले, “मेरी जान एक दो दिन दर्द होगा फिर सब ठीक हो जाएगा।”

मैं बोली, “दो दिन और अंकल मां ने पूछा तो क्या कहेंगे।”

अंकल बोले, “तुम्हारी आंटी से बात हुई वो लोग वहां रुक गए हैं। दो दिन बाद ही आएंगे तो टेंशन मत लो।”

मैं बोली, “अच्छा अंकल फिर ठीक है।”

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फिर अंकल मुझे वॉशरूम ले गए। मैं नंगी तो पहले से थी। वो भी नंगे हो गए और मुझे नहलाने लगे। मेरी चूत को भी अच्छे से साफ किया। नहाते वक्त मेरी चूत फिर से चाटी भी। मुझे दर्द के साथ मजा भी आ रहा था। ऐसे ही दस मिनट तक चूसते मैं छूट गई।

फिर अंकल मुझे बाहर लाए। कपड़े वगैरह मुझे पहनाए। बेडशीट वगैरह सब चेंज की और मुझे एक गोली दी।

अंकल बोले, “इससे तुम्हारा दर्द कम हो जाएगा और प्रेग्नेंट भी नहीं होगी तुम।”

मैं बोली, “अच्छा अंकल ठीक है।”

मैंने वो गोली खा ली। फिर अंकल ने नाश्ता वगैरह सब मुझे दिया। मुझसे पहले ठीक से चला भी नहीं जा रहा था पर नाश्ते के बाद थोड़ी हिम्मत आई।

ऐसे ही करते रात हो गई और अंकल फिर नंगे मेरे सामने खड़े हो गए और मुझे भी नंगा होने को कहा। मैं नंगी हो गई।

अंकल बोले, “उफ्फ मेरी जान एक रात में तेरी खूबसूरती कितनी निखर गई है।”

मैं बोली, “अच्छा खूबसूरती का तो नहीं पता मेरी चूत जरूर सूज गई है।”

अंकल बोले, “हाहाहा पहली बार होता है। एक दो बार करवा लो सब ठीक हो जाएगा।”

फिर अंकल मेरे बूब्स चूसना शुरू हो गए और मेरी गांड से खेलने लगे। हाथों से गांड को नोचते लगे। उफ्फ मुझे फिर मजा आने लगा। चूत भी गीली हो गई थी।

फिर अंकल ने मेरा हाथ अपने लिंग पर रखा और कहा, “इससे खेलो अब।”

मैं बोली, “अंकल ये तो बहुत गरम है।”

अंकल बोले, “जानेमन तेरी ये जवानी देखकर ये गरम हुआ है। अब नीचे बैठो और कल वाली वीडियो जैसे इसे मुंह में लेकर चूसो।”

मैं बोली, “नहीं अंकल ये गंदा होता है पेशाब वाला। मैं मुंह में कैसे लूं। नहीं नहीं।”

अंकल बोले, “अच्छा रुको।”

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फिर अंकल ने मोबाइल में एक वीडियो निकाली और मुझे दिखाई जिसमें लड़की लड़के का लिंग मजा लेकर चूस रही होती है। चाट रही होती है और लड़के के बॉल्स पर चाटती है। मैं ये देखकर गरम होने लगी।

मैं बोली, “अंकल ट्राई करती हूं मैं।”

अंकल बोले, “हां मेरी नाजू आ जाओ अपने अंकल को अपने सारे छेद में समा लो अब।”

मैं उनका लिंग चाटने लगी। पहले थोड़ा अजीब लगा पर वीडियो देखते देखते मुझे करने में मजा भी आ रहा था। पांच मिनट तक मैं लिंग को उनके बॉल्स को चाटी।

अंकल बोले, “अब इसे अंदर भी ले लो। लॉलीपॉप जैसे तुम चूसती थी इसे भी वही समझो।”

मैं बोली, “पर अंकल लॉलीपॉप तो मीठा होता है और ये नमकीन सा है।”

अंकल बोले, “अच्छा सब्र करो आता हूं।”

अंकल फिर किचन से शहद ले आए और अपने लिंग पर लगाया और कहा, “लो अब चाटो अब तुम्हें भी मजा आएगा और मुझे भी।”

मैं अंकल के शहद लगे लिंग को चाटने लगी। सच में बहुत मजा आ रहा था। ऐसे ही अंकल बार बार शहद लगाते रहे और मैं चाटती रही और मुंह के अंदर भी लेने लगी। लॉलीपॉप जैसे चूसने लगी। मुझे भी मजा आने लगा।

मैं बोली, “मम्म अंकल आपका लॉलीपॉप बहुत टेस्टी है।”

अंकल बोले, “आह नाजू तेरा पहला टाइम है पर बहुत अच्छा कर रही है तू। ऐसे ही करती रह बहुत जल्द बिना शहद के भी मजा आने लगेगा।”

मैं बोली, “हम्म जी अंकल मजा का है और लगाओ और चूसना है।”

अंकल बोले, “अब बस चूसना बंद। अब तेरी चूत में जाने का वक्त है।”

मैं बोली, “उफ्फ अंकल प्लीज आ जाओ मेरी चूत भी पानी निकाल रही है।”

अंकल ने मुझे लिटाया और मेरे ऊपर चढ़ गए और चूत में गरम गरम लिंग डाल दिया। उफ्फ मेरी तो सांस ही तब रुक गई।

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अंकल बोले, “क्या हुआ।”

मैं बोली, “अंकल अभी भी दर्द है।”

अंकल बोले, “सब्र करो अभी ठीक हो जाएगा।”

फिर अंकल मुझे किस करने लगे और अपना लिंग भी आराम से अंदर बाहर करने लगे। अंकल बहुत एक्सपर्ट थे। उन्होंने मेरे होंठ खूब चूसे। मेरी जीभ भी चूसी। फिर मेरी गर्दन पर किस करने लगे। काटने लगे। उफ्फ दोस्तों मुझे फिर पता ही नहीं चला मेरा दर्द कहां गया और कब इतना मजा आने लगा।

मैं बोली, “आह अंकल आप बहुत अच्छा करते हो। मुझे बहुत मजा आ रहा है।”

अंकल बोले, “जानेमन तेरी चूत अब आदी होने लगी है। एक दो दिन में तू खुद मेरे पास आकर चूत मरवा लेगी देखना।”

मैं बोली, “उफ्फ अंकल मैं तो रोज आपके पास रहना चाहती हूं। आह आप बस मुझे ऐसे ही चोदते रहो।”

अंकल बोले, “फिकर मत कर तेरी चूत को फुल ट्रेन करके ही यहां से जाऊंगा मैं।”

मैं बोली, “अंकल प्लीज जाने की बात मत करो। मैं अब आपके बगैर नहीं रह सकती।”

अंकल बोले, “चुप कर फिल्में देखकर तेरा दिमाग खराब हो गया है। हम जो कर रहे हैं वो प्यार नहीं है समझी। चुदाई है। मैं तेरा ठोका हूं और तू मेरी रंडी है।”

मैं बोली, “नहीं अंकल मैं रंडी नहीं हूं। ये आप क्या बोल रहे हैं।”

अंकल बोले, “सही बोल रहा हूं। प्यार मोहब्बत अपने लवर या हसबैंड से करना। मैं बस तुझे चोदूंगा। तुझे फुल ट्रेन करूंगा इतना कि तू किसी नामर्द का भी खड़ा कर सके। समझी। अबसे मैं जो कहूं वो करना और प्यार मोहब्बत भूल जा सब। बस मजा कर और अब मजा दे वरना तेरे साथ चुदाई बंद कर दूंगा।”

मैं बोली, “उफ्फ अंकल आप जो कहेंगे मैं करूंगी। प्लीज मुझे चोदना बंद मत करना आह।”

अंकल बोले, “नहीं करूंगा। क्या मस्त बूब्स हैं तेरा। अभी छोटे हैं तीस के। उनको चौंतीस करके ही जाऊंगा। उम्म्म।”

अंकल जंगली की तरह मेरे बूब्स निप्पल चूसने लगे और काटने लगे और साथ साथ चोद भी रहे थे। मैं मजा में चीख रही थी।

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मैं बोली, “आह अंकल यस और चोदो मुझे। बहुत मजा आ रहा है। आप मेरे ठोके हो और मैं आपकी रंडी। आह यस।”

अंकल बोले, “ये हुई ना बात। अब समझ गई ना तू।”

अंकल ने मुझे ऐसे ही चोदते चोदते पौने घंटा कर दिया और मैं इस बीच पता नहीं कितनी बार झड़ चुकी थी। फिर अचानक अंकल खड़े हुए और मुझे फिर चूसने को कहा और मैंने मजा के मारे ऐसे ही चूसना शुरू कर दिया बिना शहद के और मुझे अच्छा भी लगने लगा।

दस मिनट अच्छे से लिंग को चाटा। एक एक जगह चूसी और पूरा लिंग अंदर डालने की कोशिश कर रही थी कि अंकल मेरे मुंह में ही छूट गए।

मैं बोली, “आओ अंकल ये क्या कर दिया। ये गंदा माल मेरे मुंह में डाल दिया।”

अंकल बोले, “ये माल अब तुझे रोज पीना है। आदत डाल ले समझी वरना याद है ना सारे मजा बंद तेरे।”

मैं बोली, “नहीं नहीं अंकल पीऊंगी मैं पर बहुत अजीब टेस्ट है इसका।”

अंकल बोले, “अच्छा लगने लगेगा। पहले चुदाई में भी तो दर्द होता था ना। अब मजा आ रहा है ना।”

मैं बोली, “जी बहुत।”

अंकल बोले, “फिर बस इसमें भी आएगा।”

अंकल का पानी पीकर मैं सीधा वॉशरूम गई। जो थोड़ा बहुत मुंह में आया था उसे निकाला और कुल्ला वगैरह किया। मुझे बहुत अजीब लग रहा था। पहली बार जैसे कोई भी ब्लोजॉब दे तो लगता है वैसे ही।

मेरे प्यारे हसबैंड मैंने आपसे झूठ बोला था कि आप मेरे पहले हो पर मुझे पता है आपको मेरी ये स्टोरी पढ़कर शॉक से ज्यादा मजा ही होगा।

तो दोस्तों जैसा कि आपको पता है आंटी और मां दो दिन तक नहीं आने वाली थीं तो इन दो दिनों अंकल ने मुझे बिल्कुल भी आराम करने नहीं दिया। वो दिन रात मेरी चुदाई करते रहे। कई बार तो मैं उन्हें कहती कि मुझे छोड़ो। उन्होंने मुझे इन दो दिनों में अलग अलग पोजीशन्स में घर के अलग अलग कोनों में बहुत तबाही वाली चुदाई की थी और ब्लोजॉब का काउंट तो मैं भूल ही गई थी कि कितने दे चुकी थी और कितनी बार उनका नमकीन पानी पी चुकी थी जो अब मुझे बहुत अच्छा लगने लगा था।

दोस्तों प्लीज आप स्टोरी पढ़ते रहें क्योंकि अब स्टोरीज में बहुत सारे ट्विस्ट और टर्न्स आने वाले हैं। एक सस्पेंस भी आगे जाकर खुलने वाला है पर उसके लिए आपको मेरी सारी स्टोरीज पढ़नी होंगी।

प्लीज अपनी नाजू भाभी को लड़के मुठ मारते वक्त और लड़कियां उंगली करते वक्त याद रखें और कमेंट में मुझे जरूर बताएं आपको स्टोरीज कैसी लग रही हैं।

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⚠️ महत्वपूर्ण अस्वीकरण

ये सभी कहानियाँ केवल काल्पनिक हैं।
इनका वास्तविक जीवन से कोई संबंध नहीं है।

सेक्स हमेशा सहमति पर आधारित होना चाहिए।
बिना सहमति के कोई भी कार्य गलत और दंडनीय है।

इन कहानियों से प्रेरित न हों।
बस पढ़ें, आनंद लें और भूल जाएं।