टेलीग्राम चैनल जॉइन करें - रोज़ाना नई कहानी अपडेट के लिए

इरफान की आंखों के सामने आयशा चुदी

दोस्तों यह कहानी मेरी एक दोस्त मोहम्मद इरफान ने भेजी है। यह उसकी जिंदगी की असली कहानी है कि कैसे उसकी भाभी की बहन आयशा ने हिंदू लंड से उसके सामने अपनी प्यास बुझाई। तो हाजिर है उसकी जुबान में यह असली कहानी।

हैलो दोस्तों मैं मोहम्मद इरफान हूं चंडीगढ़ से यह मेरी असली कहानी है। यह मेरे जिंदगी का सबसे बड़ा बदलाव था। इसने मेरी पूरी जिंदगी ही बदल के रख दी। यह पहली कहानी है फिर इसके बाद तो मेरी पूरी लाइफ ही बदल गई।

तो चलिए यह किस्सा मैं शुरू करता हूं। बात कुछ साल पहले की है। मेरे अब्बू के भाई का एक बेटा है वो शादीशुदा है। उनकी बीवी मेरी भाभी लगती है। मेरी भाभी की एक बहन भी है जिसका नाम आयशा है। आयशा एक प्राइवेट कंपनी में जॉब करती है। वो पच्चीस साल की है। मेरी उम्र बीस साल है और मैं कॉलेज में हूं। हमारी फैमिली सुन्नी मुस्लिम है। आयशा जिस कंपनी में जॉब करती है वो हमारे घर से सिर्फ एक किलोमीटर दूर है इसीलिए वो हमारे घर आती जाती रहती है। बहुत बार वो ऑफिस से अपने घर नहीं जाती और हमारे घर में ही सोती है। आयशा बहुत हॉट और सेक्सी लगती है देखने में। कोई भी लड़का उसको देख के पागल हो जाए। मैं भी उसके साथ सेक्स करने के ख्वाब देखता था और रात को उसके बारे में सोच के लंड हिला हिला के मुठ मारता था।

काफी बार आयशा हमारे घर जींस टॉप में आती थी। मैं उसकी तारीफ भी कर देता था कि बहुत अच्छी लग रही हो चलो आपकी फोटो हो जाए। वो भी खुश हो जाती थी अपनी तारीफ सुन के। वो तो मुझे अपना भाई जैसा समझती थी लेकिन मैं इसी चीज का फायदा उठाता था उसकी फोटो को मैं रात को बेड पर लेटे लेटे देखता था और मुठ मारता था उसके ख्वाब देख के। उसकी गोरी चिकनी जांघें और कसी हुई कमर देख कर मेरा लंड तन जाता था और मैं कल्पना करता था कि वो मेरी गोद में बैठी है।

अब असली बात चालू करता हूं जहां से यह सब शुरू हुआ था। एक बार मैं सुबह सुबह टॉयलेट जा रहा था। उस टाइम मैं सो के उठा था। सुबह सुबह लंड खड़ा रहता है मेरा। मैंने उस टाइम पायजामा पहना था। लंड खड़ा होने से पायजामे में नोक बनी हुई थी। फिर मैंने देखा कि आयशा बाथरूम के दरवाजे से बाहर निकली मैं उसके सामने खड़ा था। उसकी आंखें मेरी पायजामा की नोक पर जा टिकीं। मैंने महसूस किया कि उसकी नजरें मेरी कठोरता को माप रही हैं।

आयशा बोली उठ गए नवाब। फिर आयशा की नजर मेरे पायजामे पर पड़ी मेरी ठीक से आंख भी नहीं खुली थी उस टाइम। सब कुछ इतनी जल्दी हुआ कि मुझे कुछ छुपाने का मौका भी नहीं मिला। आयशा देख रही थी मेरा लंड खड़ा है। मैं शर्मा गया और जल्दी से बाथरूम के अंदर भागा। मैं अपने आप को कोसने लगा। मुझे शर्मिंदगी हुई। फिर मैं बाथरूम में गया तो मैंने देखा कि आयशा की ब्रा और पैंटी पड़ी थी मैं उसकी ब्रा को हाथ में ले के सूंघने लगा तो अचानक आयशा बाथरूम में आ गई और उसने मेरे हाथों में अपनी ब्रा देख ली। लेकिन उस टाइम उसने मुझे कुछ नहीं कहा लेकिन उसकी शक्ल से लग रहा था मानो वो शॉक्ड हो गई हो। उसकी ब्रा की खुशबू में उसकी मांसल देह की महक घुली हुई थी और मैं उस खुशबू में खो गया था।

फिर रात को आयशा मेरे रूम में आई और कहने लगी कि मैं आजकल तुम्हारी हरकतें देख रही हूं लगता है तुम्हारी अम्मी को बताना पड़ेगा कि तुम्हारी शादी की उम्र हो गई है। उसकी आवाज में नाराजगी और शरारत दोनों थी।

मैंने कहा मैं कुछ समझा नहीं।

आयशा बोली भोले मत बनो मैं सब समझती हूं तुम मेरे बारे में क्या सोचते हो।

मैंने कहा क्या सोचता हूं आप यह क्या कह रही हो।

आयशा ने कहा आज बाथरूम में क्या कर रहे थे मुझे सब पता है मैंने सब देख लिया था। उसकी आंखों में मेरे लंड की याद चमक रही थी।

मैंने कहा वो गलती से हो गया था मेरी कोई गलत इंटेंशन नहीं थी। वैसे अगर आप इतनी अपसेट हो तो मेरी अम्मी को क्यों नहीं बताया।

आयशा ने कहा नहीं बताऊंगी उनको बुरा लगेगा।

मैंने कहा ठीक है सॉरी।

आयशा बोली आगे से ऐसा मत करना तुम तो मेरे भाई जैसे हो। मैं तुमको प्यार से कह रही हूं ठीक है। अब मैं सोने जा रही हूं गुड नाईट कल जॉब पर भी जाना है।

फिर वो चली गई। उस दिन के बाद मैं आयशा के साथ और ओपन हो गया था। उसके साथ कभी कभी बॉयफ्रेंड गर्लफ्रेंड की बातें भी कर लेता था और वो भी ओपन लड़की थी माइंड नहीं करती थी। एक दिन आयशा नहाने जा रही थी। उसका मोबाइल मेरे रूम में रखा था। अचानक उसके मोबाइल में मैसेज आया। वैसे तो किसी के मैसेज पढ़ना अच्छी बात नहीं लेकिन उस टाइम मुझसे रहा नहीं गया। वो मैसेज एक लड़के का था नाम राकेश लिखा था। मैंने जब मैसेज खोला तो चौंक गया। मेरे दिल की धड़कन तेज हो गई थी।

उस मैसेज में लिखा था जानू तुमको बहुत मिस कर रहा हूं आज मिल सकती हो मेरे लंड को बहुत भूख लगी है उस दिन से भी ज्यादा मजे दूंगा। मैं तो शॉक्ड हो गया था और मेरे मन में अजीब अजीब ख्याल आ रहे थे। फिर मैंने सोचा कि यह मौका अच्छा है। मैंने आयशा का मोबाइल अपने पास रख लिया। उसकी चूत की प्यास की बात पढ़ कर मेरा लंड फिर से तन गया था।

आयशा नहा के आ गई और अपना मोबाइल ढूंढने लगी। उसके बाल गीले थे और तौलिया उसके शरीर से चिपका हुआ था।

आयशा बोली मेरा मोबाइल कहां गया यहीं तो रखा था।

मैंने कहा एक मिनट आपसे कुछ बात करनी है।

आयशा ने कहा बोलो।

मैंने कहा यह राकेश कौन है।

वो चौंक गई।

आयशा ने कहा कौन राकेश।

मैंने कहा झूठ मत बोलो सच सच बताओ।

आयशा बोली सच कह रही हूं।

मैंने कहा अच्छा तो सबूत दिखाना पड़ेगा। मैंने आयशा का मोबाइल निकाला और उसको बोला राकेश नाम से एक मैसेज आया था।

आयशा को गुस्सा आ गया आयशा बोली मेरी जासूसी कर रहे हो। इरफान मेरा मोबाइल दो अभी।

मैंने कहा नहीं दूंगा पहले बताओ कौन है राकेश।

आयशा ने कहा मेरे साथ कंपनी में जॉब करता है बस।

मैंने कहा मैसेज पढ़ के तो लगता है कि आपका बॉयफ्रेंड है।

आयशा बोली नहीं सिर्फ साथ में काम करता है और कुछ नहीं है और तुम दूसरों के मैसेज पढ़ते हो बहुत बुरी बात है।

मैंने कहा पता है मैसेज में क्या लिखा है।

आयशा ने कहा नहीं अब मेरा मोबाइल वापस करो।

मैंने कहा पहले मैसेज तो पढ़ लो देखो क्या लिखा है। मैंने उसको मैसेज पढ़ाया। उसका चेहरा लाल हो गया था शर्म के मारे। अब तो तुम मना भी नहीं कर सकती कि राकेश तुम्हारा बॉयफ्रेंड है। तुम्हारी कॉल लॉग्स में भी उसकी बहुत सारी कॉल्स हैं उसकी। उसकी सांसें तेज हो रही थीं और होंठ कांप रहे थे।

आयशा बोली वो मेरा दोस्त है बस। फिर मैंने कहा अगर यह मैसेज घर में और कोई देख ले तो क्या होगा।

आयशा थोड़ा घबरा गई। मुझे डराओ मत।

मैंने भी उसका मोबाइल दे दिया वो अपने रूम में चली गई और रूम बंद कर लिया अंदर से। उसकी चाल में घबराहट और उत्तेजना दोनों थी।

फिर रात को डिनर करने के बाद मैं आयशा के रूम में गया और उसके पास बैठ गया। रूम में उसकी खुशबू फैली हुई थी।

मैंने कहा टेंशन मत लो मैं किसी को नहीं बताऊंगा।

आयशा ने कहा सच में थैंक्स।

फिर मैंने मौका देख कर कहा आज रात क्या मैं आपके रूम में सो सकता हूं।

आयशा बोली नहीं अगर तुम्हारी अम्मी ने देख लिया कि तुम मेरे साथ सो रहे हो तो बहुत बुरा होगा।

मैं रात को आऊंगा तब सब सो गए होंगे। आयशा ने मना कर दिया।

मैंने कहा आपके बॉयफ्रेंड के बारे में सबको बता दूं।

आयशा बोली तुम मुझे ब्लैकमेल कर रहे हो।

मैंने कहा नहीं आप गलत समझ रही हो मैं तो बस आपके साथ सोना चाहता हूं मैं किसी को नहीं बताऊंगा बस ऐसे ही कह रहा था।

आयशा ने कहा पर तुम मेरे साथ क्यों सोना चाहते हो।

मैंने कहा ऐसे ही मन कर रहा है मैं रात को आऊंगा जब अम्मी अब्बू सो चुके होंगे ओके।

आयशा ने कुछ नहीं बोला। उसकी आंखों में सहमति और डर दोनों दिख रहे थे।

फिर मैं रात के बारह बजे आयशा के रूम में गया। आयशा बेड पर लेटी हुई थी मैं उसके बगल में उसके साथ लेट गया। वो दूर हट गई। उसकी गर्म सांसें मेरे चेहरे पर पड़ रही थीं।

मैंने कहा क्या हुआ आप ऐसे क्यों देख रही हो।

आयशा बोली तुम्हारे इरादे कुछ ठीक नहीं लग रहे मेरे को।

मैंने कहा मैं कुछ नहीं करूंगा बस थोड़ी देर बाद चला जाऊंगा।

वो कुछ नहीं बोली। फिर मैं आयशा से उस मैसेज के बारे में बात करने लग गया। उस मैसेज में लिखा था लंड को भूख लगी है। लंड मतलब क्या होता है। आयशा बोली मुझे नहीं पता। कैसे नहीं पता वो मैसेज आपके लिए था। ऐसा नहीं हो सकता प्लीज बताओ ना क्या होता है लंड का मतलब।

आयशा ने कहा इतने भोले नहीं हो तुम पता है तुमको मतलब फिर भी पूछ रहे हो।

मैंने कहा मैं आपके मुंह से सुनना चाहता हूं प्लीज बताओ ना।

आयशा बोली बहुत शैतान हो तुम। बताओ ना प्लीज।

आयशा ने कहा जहां से तुम टॉयलेट करते हो उसको कहते हैं।

मैं हंसते हुए बोला उसको भूख भी लगती है।

आयशा ने कहा हां।

मैंने कहा उसकी भूख कैसे मिटती है।

आयशा बोली चुप हो जाओ अब मैं सो रही हूं।

फिर मैंने हिम्मत करके कहा आप इतना क्यों डरती हो। देखो मुझे आपकी असलियत पता चल गई है और आपको मेरी असलियत पहले से पता थी कि मैं आपके बारे में क्या सोचता हूं। क्यों ना हम हमारे रिश्ते को ऐसा बना दें कि हम दोनों को मजा आए। हम एक दूसरे से अपनी फीलिंग्स शेयर कर सकते हैं और ओपन हो सकते हैं। और इस रिश्ते के बारे में किसी को पता नहीं चलेगा क्योंकि हम दोनों में से कोई यह कभी नहीं चाहेगा कि घर वालों को इसके बारे में पता चले। उसकी सांसें मेरी गर्दन पर पड़ रही थीं।

आयशा बोली बहुत बड़ी बड़ी बातें कर रहे हो।

मैंने कहा आपको समझाने के लिए करनी पड़ीं। अच्छा एक बात बताओ एक बार याद है मैं सुबह सुबह बाथरूम जा रहा था तो आपने मुझे देखा था उस टाइम मेरा लंड खड़ा था और मेरे पायजामे में नोक निकली हुई थी। उस टाइम आप मुझे घूर के क्यों देख रही थीं।

आयशा हंसी और बोली कि मैं देख रही थी कि कहीं तुम मुझे जानबूझ के तो नहीं दिखा रहे।

मैंने कहा नहीं मैंने जानबूझ के नहीं किया सुबह सुबह तो सबका खड़ा रहता है मुझे नहीं पता था आप मेरे रास्ते में आ जाओगी।

आयशा कुछ नहीं बोली। फिर मैंने ही फिर बोला क्या आपने यह नहीं सोचा कि मेरा लंड कितना बड़ा होगा।

आयशा ने कहा नहीं।

मैंने कहा देखोगी।

आयशा ने कहा क्या।

मैंने कहा मेरा लंड।

आयशा बोली नॉटी तो तुम बहुत।

मैंने भी हिम्मत करके पायजामा नीचे कर दिया।

आयशा ने कुछ नहीं कहा। उस टाइम मेरा लंड खड़ा हो रखा था। मैंने अंडरवियर नीचे किया और मेरा तना हुआ लंड आयशा की आंखों के सामने था। आयशा ने मेरे लंड की तरफ देखा। उसकी नजरें मेरी नसों वाली कठोरता पर टिकी हुई थीं और मैंने उसके होंठों को थोड़ा कांपते देखा।

आयशा बोली देख लिया अब खुश अपना पायजामा पहन लो।

मैंने सोचा इसने कुछ कहा क्यों नहीं।

मैंने कहा राकेश का इससे बड़ा है क्या अब यह मत कहना आपने उसका देखा नहीं। मुझे पता है आप दोनों के बीच कैसा रिश्ता है।

आयशा बोली चुप रहो।

मैंने कहा नहीं आपको बताना होगा मेरा लंड बड़ा है या राकेश का।

आयशा ने कहा हां राकेश का बहुत बड़ा बड़ा है। अच्छा होगा कि तुम कोई गर्लफ्रेंड बना लो।

मैंने उनके कंधे पर हाथ रख के कहा आपके सामने सब गर्लफ्रेंड फीकी हैं। मेरा भी ले लो।

आयशा बोली नहीं तुम्हारे साथ नहीं।

मैंने कहा अच्छा राकेश का तो बहुत लेती हो और मैंने कह दिया तो चिढ़ गई।

आयशा ने कहा उसकी बात कुछ और है।

मैंने कहा क्यों राकेश आपका पति है क्या उससे शादी करोगी क्या।

आयशा बोली पता नहीं।

मैंने कहा तो फिर मजे लेने के लिए दोस्ती की है उसके साथ। वो हिंदू है ना।

आयशा ने कहा हां।

मैंने कहा हिंदू लड़के पसंद हैं आपको। लंड तो लंड होता है हिंदू का हो या मुस्लिम का मेरा लो या उसका एक बात है।

आयशा बोली नहीं हिंदू लड़कों का लंड अलग होता है।

मैंने कहा क्या अलग होता है।

आयशा ने कहा हिंदू लड़कों के लंड की स्किन आगे से कटी हुई नहीं होती है और उसके लंड की टिप पर स्किन होती है जिससे वो बहुत रगड़ती है और उससे फुल मजा मिलता है।

मैंने गुस्से में पूछा और कुछ।

आयशा हंस के बोली हां उनका लंड बहुत टाइट होते हैं और उनके लंड बड़े होते हैं।

मैं यह सुन के थोड़ा शॉक हो गया था कि आयशा को हिंदू लड़कों का लंड पसंद है। मैंने आयशा का हाथ पकड़ लिया और अपने लंड पर लगा दिया। उसकी उंगलियों की गर्माहट मेरे लंड पर महसूस हुई।

आयशा बोली तुम्हें समझाना इम्पॉसिबल है।

मैंने कहा प्लीज इसको एक बार अपने हाथों से पकड़ दो यह बहुत प्यासा है थोड़ा तरस करो इस पर।

आयशा ने मेरे लंड को पकड़ लिया और हिलाने लगी। उसने मेरा लंड तब तक हिलाया जब तक मेरे लंड से पानी ना निकल गया। वो चालाक थी उसने मुझे ठंडा करने के लिए मेरे लंड को हिला कर पानी निकाल दिया पर अपनी चूत नहीं दी। फिर मैं अपने रूम में चला गया। उसकी हथेली की रगड़ और मेरी थरथराने वाली सांसें अब भी याद हैं।

एक हफ्ते बाद वो फिर हमारे घर आई रहने। मैं उसको देख के खुश हो गया था। उसकी गोरी त्वचा और कसी हुई गांड देख कर फिर से ख्याल आने लगे।

फिर उसके दो दिन बाद मेरे अम्मी अब्बू दो दिन के लिए दिल्ली चले गए रिलेटिव के यहां। उस दिन आयशा जॉब से हमारे घर आई। घर पर मेरे इलावा कोई नहीं था। मैं उससे बातें करने लगा। बातों बातों में मैंने उससे पूछा राकेश तुम्हारे साथ कैसे सेक्स करता है।

आयशा बोली तुम हर वक्त सेक्स के बारे में ही सोचते रहते हो। बताओ ना।

आयशा ने कहा नहीं बता सकती।

मैंने कहा तो फिर राकेश को यहां पर बुला लो वैसे भी घर पर कोई नहीं है। मैंने यह बात मजाक में बोली थी लेकिन वो सीरियस हो गई।

आयशा ने कहा कब बुलाऊं।

मैंने कहा कल बुला लो घर पर कोई नहीं होगा मेरे इलावा पर एक शर्त पर।

आयशा ने कहा क्या।

मैंने कहा मैं चुप के देखूंगा वो तुम्हारे साथ क्या करता है और तुम उसको बेडरूम में ले जाओगी।

आयशा ने कुछ सोचा और बोली ठीक है। फिर आयशा ने राकेश को फोन करके घर का एड्रेस बता दिया। मैं देखना चाहता था कि आयशा कैसे चुदवाती है एक हिंदू लड़के से। मेरे मन में उत्सुकता और जलन दोनों थी।

अगले दिन राकेश घर पर आ गया। उस दिन आयशा ने बुर्का पहना जबकि वो ज्यादातर बुर्का नहीं पहनती थी। बुर्के के नीचे उसका जिस्म कांप रहा था।

मैं अपने रूम में छुप गया ताकि उसको पता ना चले घर पर और कोई भी है। जब आयशा और राकेश बेडरूम में चले गए तब मैं बाहर निकला। मैं बेडरूम के दरवाजे से झांकने लगा। अंदर की आवाजें सुन कर मेरा लंड फिर से खड़ा हो गया।

मैंने देखा कि राकेश आयशा को किस कर रहा है। राकेश ने आयशा का बुर्का उतार दिया। उसने बुर्के के नीचे केवल ब्रा पैंटी पहनी थी। अब वो पैंटी और ब्रा में राकेश के सामने खड़ी थी। उसकी गोरी जांघें और कसी हुई चूत की लकीर साफ दिख रही थी।

फिर आयशा ने राकेश की टीशर्ट उतारी और उसकी जींस की चेन खोली। आयशा ने अपने हाथों से राकेश का लंड बाहर निकाला। फिर उसके लंड को किस करने लग गई। राकेश बेड पर लेट गया और आयशा ने राकेश की पूरी जींस और अंडरवियर उतार दी। राकेश अब पूरा नंगा था। वो राकेश के लंड के साथ खेलने लग गई। राकेश का लंड बहुत मोटा और लंबा था। आयशा उसके लंड पर किस करके चूसने लग गई। बीच बीच में आयशा राकेश का पूरा लंड मुंह में लेने की कोशिश करती पर उसका लंड काफी लंबा था। चूसने की आवाज और उसके होंठों की गीली आवाज साफ सुनाई दे रही थी।

ऐसा लग रहा था आयशा उसके लंड को बहुत प्यार करती थी। वो उसके लंड को प्यार कर रही थी उसको होंठों से सहला के चूस रही थी। राकेश तो मस्त हो गया था अपना लंड चुसवा के। फिर राकेश ने आयशा को पकड़ लिया और उसकी ब्रा और पैंटी उतार दी। अब दोनों नंगे थे और आयशा की चूत चमक रही थी।

फिर राकेश आयशा को गंदी तरह किस करने लग गया राकेश की एक उंगली आयशा की चूत में थी। आयशा राकेश की छाती पर किस कर रही थी। उसकी चूत गीली हो रही थी और उंगली की आवाज सुनाई दे रही थी।

फिर उसने आयशा को लेटा दिया और उसके ऊपर चढ़ गया उसने अपने लंड का टोपा आयशा की चूत में लगाते ही आयशा की शक्ल पर मस्ती छा गई थी। राकेश ने उसकी चूत में झटका मारा और उसका लंड पूरा अंदर चला गया। राकेश बुरी तरह आयशा की चूत मारने लग गया। वो झटके पर झटके मार रहा था और बोल रहा था चुद साली रांडी मेरी मुस्लिम रांडी आज तेरी इस चूत का भोसड़ा बना दूंगा। आयशा उसकी बातें सुन सेक्सी आवाज निकाल रही थी। उसकी चूत की गीली आवाज और थपथपाने की आवाज पूरे कमरे में गूंज रही थी।

उसके बाद उसने राकेश को लेटा दिया और उसके लंड पर चढ़ गई। आयशा राकेश के लंड को चूत में ले के ऊपर नीचे उछलने लगी। उसने आयशा को लेटा के उसकी दोनों टांग अपने कंधों पर रखी और अपने लंड उसकी चूत में पेलने लग गया। वो अपने टाइट लंड से आयशा की चूत पर अपने लंड की रगड़ मार रहा था। मैं तो देख कर दंग रह गया एक घंटे तक उसने आयशा को चोदा। उसकी चूत का रस बह रहा था और बेड भीग रहा था।

एंड में अपने लंड का सारा पानी आयशा की चूत में छोड़ दिया। वो दोनों एक दूसरे से चिपक के लेटे रहे। उसके बाद राकेश ने आयशा को एक बार और चोदा। यह सब देख के मेरे लंड से पानी निकल गया था। मैंने कभी सोचा भी नहीं था कि कोई किसी को इतनी देर तक भी चोद सकता है। मैं तो उसके लंड का दीवाना हो गया। कैसे वो आयशा के गोरे जिस्म को मसल रहा था और आयशा भी उसका पूरा साथ दे रही थी।

आयशा कैसे हिंदू लंड को प्यार कर रही थी वो सीन मैं कभी नहीं भूल सकता।

इसके बाद का किस्सा मैं आप लोगों को मेरी अगली कहानी में बताऊंगा।

टिल देन एन्जॉय दिस एंड प्लीज कमेंट।

⚠️

⚠️ महत्वपूर्ण अस्वीकरण

ये सभी कहानियाँ केवल काल्पनिक हैं।
इनका वास्तविक जीवन से कोई संबंध नहीं है।

सेक्स हमेशा सहमति पर आधारित होना चाहिए।
बिना सहमति के कोई भी कार्य गलत और दंडनीय है।

इन कहानियों से प्रेरित न हों।
बस पढ़ें, आनंद लें और भूल जाएं।
कहानी पसंद आयी?
3