Abdul ne mom ko choda sex story: हॉट मॉम फक कहानी में मैं अपनी मॉम के साथ गांव आया। गांव के कुछ गंदे लड़के मॉम की बॉडी को देख कर गंदी बातें कर रहे थे। मॉम को शायद मजा आ रहा था।
दोस्तो, मैं करण आपको अपनी हॉट एंड सेक्सी मॉम की चुदाई की कहानी सुना रहा था।
कहानी के पहले भाग मेरी मां का रंडीपना – 2 में अब तक आपने पढ़ा था कि गांव में अब्दुल नाम के लड़के ने मेरी मॉम को चोदने के लिए सैट कर लिया था और उन दोनों में रात को चुदाई की बात पक्की हो गई थी।
अब आगे हॉट मॉम फक कहानी।
रात में मॉम ने स्लीवलेस नाइटी पहनी थी और मुझे सुलाकर खुद बार-बार फोन देख रही थीं।
तभी एक कॉल आया।
मॉम ने कोने में जाकर कुछ बात की और फिर मेरी तरफ देखकर रूम से बाहर चली गईं।
मैं भी उठा।
लाइट अभी फिर नहीं आ रही थी।
इस बार पॉवर कट हुआ था शायद।
मॉम छत की सीढ़ी पर जाने लगीं।
मैंने पीछा किया और सीढ़ी के कोने पर छिप गया।
छत पर अंधेरा था और चारों तरफ बड़े बड़े पेड़ लगे होने से काफी डर सा लग रहा था।
मॉम टहलने लगीं।
तभी पीछे से किसी ने उनका हाथ खींचा।
मॉम चौंक गईं, उनका शरीर कांप उठा।
तभी मॉम मुड़ीं, ये वही लड़का था।
मैं समझ गया था कि आज इमेजिनेशन सच होने वाला है।
मॉम बोलीं, तुमने तो मुझे डरा ही दिया!
लड़का उन्हें खींचता हुआ बोला, आ जा मेरी जान।
यह कहते हुए उसने मॉम की कमर को कसके पकड़ कर गले से लगा लिया और मॉम के बड़े चूतड़ों को मसलने लगा।
मॉम भी उसके बालों पर हाथ फेरने लगीं।
तभी उसने मॉम को छत पर बने रूम की दीवार से लगा दिया और उनके चूचों को ऊपर से ही मसलने लगा।
लड़का बोला, क्या माल है साली, ऐसी गदराई बदन तो मैंने सिर्फ टीवी में देखी है!
ये कहते हुए उसने मॉम की नाइटी उतार फेंकी।
मॉम का बदन चाँद की रोशनी में शीशे जैसा गोरा चमक रहा था।
उनकी बॉडी बिल्कुल ढीली नहीं थी।
वे पूरी हीरोइन लग रही थीं।
लड़का बोला, आह्ह। क्या मस्त मेंटेन माल है!
मॉम बोलीं, तुम भी कम नहीं हो।
लड़का बोला, अच्छा साली!
ये कहते हुए उसने मॉम को गले लगा लिया और चूतड़ों को मसलने लगा।
मॉम लाल पैंटी में थीं।
उस लड़के ने मॉम की पैंटी के अंदर हाथ डाला।
लड़का बोला, उफ्फ। पूरा साफ मैदान है, चुदने को मचल रही है कुतिया। तेरी चुत कितनी गीली हो गई है। चल अब तुझे लौड़ा दे ही दूँ।
ये कहते हुए उसने शॉर्ट्स हटा दिया।
उसका लंड काफी मोटा और काला था, जिस पर व्हाइट धब्बे थे।
अजीब सा लंड था उसका। वह 7-8 इंच का लग रहा था।
मॉम तुरंत वहां से जाने लगीं।
उसने मॉम का हाथ पकड़ लिया।
लड़का बोला, कहां जा रही है?
मॉम बोलीं, मुझे ये सब नहीं करना। मैं एक बच्चे की मॉम हूँ।
लड़का बोला, साली, ये तुझे चूचे मसलवाने के समय और नंगी जिस्म दिखाने के समय याद नहीं आया था!
मॉम बोलीं, मैं इतना बड़ा नहीं ले सकती। तुम्हारा बहुत बड़ा है।
लड़का हंसते हुए बोला, हा हा। तो ये बात है मेरी जान, आज तेरी इस छोटी सी बुर के छेद को अब्दुल का लंड फैला देगा!
मॉम बोलीं, तुम मुस्लिम हो?
अब्दुल बोला, हां मेरी रांड!
ये कहते हुए वह मॉम के चूचे उनके ब्लाउज़ के ऊपर से ही मसलने लगा।
मॉम उसे रोक रही थीं, पर उसकी ताकत के सामने वे ढीली पड़ने लगीं।
उसने मॉम के सर पर हाथ रखा और नीचे झुकाने लगा।
मॉम का मुंह जैसे ही लंड तक पहुंचा, वे मुंह बनाने लगीं और थूक फेंक-फेंककर खांसने लगीं।
ऐसा लग रहा था, जैसे उन्हें कचरे में मुंह लगाने को कह दिया हो।
मॉम बोलीं, मैंने ये कभी नहीं किया। प्लीज, मुझसे नहीं होगा!
तब तक उसने जोर से मॉम के मुंह में लंड दे मारा।
मॉम की आंखें खुली रह गईं।
उसने मॉम के गले तक लंड पहुंचा दिया था जिससे मॉम अपने हाथों से उसकी जांघों को धक्का देकर विरोध कर रही थीं।
उसने लंड निकाला।
मॉम खांसने लगीं और मुंह से लार गिरने लगी।
उसने फिर मॉम के बालों को पकड़ कर उनके मुंह में और अंदर तक अपना लंड खोंस दिया।
मुझे बाहर से ही मॉम के गले के पास कुछ दिख रहा था।
उसने मॉम के मुंह से लंड निकाला। मॉम की सांसें रुक गई थीं।
उनके शीशे जैसे गोरे चेहरे लाल पड़ गए थे और वे हांफ रही थीं।
तभी उसने बाल पकड़ कर मॉम को खड़ी किया और पैंटी नीचे खींच दी।
वह मॉम के पीछे से उनके ब्लाउज़ में से दूध निकाल कर मसलने लगा।
ऐसी हालत में मॉम को देखकर मेरा लंड फटा जा रहा था। मैंने जैसे ही लौड़े को बाहर निकाला, मेरे लंड से फच्च से पूरा माल निकल गया।
अब्दुल ने पीछे से मॉम की चूत पर थूक लगाया और अपना लंड सटा दिया।
मॉम थोड़ी झुकी हुई थीं और वह उनके हाथों को पकड़ कर पोज बनाए हुए था।
उसने धीरे से धक्का दिया तो उसका लंड मॉम की चुत के अंदर घुस गया।
मेरी मॉम मदभरी सिसकारियां भर रही थीं।
तभी अब्दुल ने जोर से धक्का देते हुए लंड अंदर को धकेल दिया।
एकदम से लौड़े ने चोट मारी तो मॉम को झटका लगा और वे आगे की तरफ को हो गईं।
उनका मुंह भी खुला का खुला रह गया।
वे शायद चीखना चाहती थीं मगर हल्ला न हो जाए, इसलिए वे किसी तरह से अपनी चीख को दबा कर रह गईं।
फिर अब्दुल के मजबूत हाथों ने मेरी मॉम को कस कर पकड़ लिया, तो वे उसके हाथों की पकड़ से छूटकर और आगे को नहीं जा पाईं।
थोड़ी देर की शांति रही, पर अब्दुल के धक्के लगातार लगने शुरू हुए तो मॉम अपनी चीख को नहीं रोक पाईं और वे दर्द के कारण सिसकने लगीं।
उनकी आंखों में आंसू आ गए थे।
मैं सोच रहा था कि अब्दुल का लंड इतना बड़ा तो नहीं है कि मॉम को दर्द हो, इसका सबब तो एक ये ही हो सकता है कि मॉम को काफी दिनों से चुदाई का सुख मिला ही न हो।
अभी मैं यही सब सोच रहा था कि तभी अब्दुल ने एक और करारा झटका दे दिया।
इस बार उसका पूरा लंड चुत में चला गया था तो मॉम से भी रहा न गया और वे चिल्ला पड़ीं, उईई मॉम। मैं तो मर गई आज। आह धीरे। कर न!
यह सुनकर अब्दुल को और जोश आ गया और उसने मॉम की परवाह किए बिना लगातार तीन-चार जोरदार वाले झटके लगा दिए।
मेरी मॉम की चूत रो पड़ी थी और लंड के बाजू से उनकी चुत से पानी निकल कर बाहर टपकने लगा था।
इससे अब्दुल को चिकनाहट मिल गई और वह सटासट चुदाई करने लगा।
फिर कुछ देर बाद जैसे ही अब्दुल ने अपना लंड चुत से बाहर निकाला, मॉम की चूत से झरने की तरह पानी निकलने लगा।
अब्दुल बोला, अभी से ही साली ने पानी छोड़ दिया।
मेरी मॉम हांफने लगीं।
जैसे ही उसने हाथ छोड़ा, मॉम गिरने लगीं।
उस दर्द भरी चुदाई से मॉम एकदम से निढाल होकर गिरने को हो गई थीं।
उसने मॉम को गिरने से रोकते हुए पकड़ा और बाल पकड़ कर दो थप्पड़ जड़ दिए, जिससे मॉम होश में आ गईं।
अब्दुल बोला, जब सह नहीं सकती तो चुदने को बेचैन क्यों है रांड?
मॉम स्माइल करती हुई बोलीं, आपके जैसा प्यार किसी ने किया ही नहीं। मुहल्ले में मेरे बेटे की उम्र के एक लड़के ने मेरे साथ सेक्स किया है, लेकिन ऐसा नहीं कर सका था वह!
अब्दुल बोला, अच्छा, मतलब तू तो बड़ी वाली रांड है। लेकिन कुतिया अभी तक तूने देसी लंड नहीं लिया। आज मजा आया?
मॉम हंसती हुई बोलीं, हम्म। बहुत मजा आ रहा है!
अब्दुल ने अब अपनी टी-शर्ट को उतार कर नीचे जमीन पर डाल दिया और मॉम को उस पर लिटा दिया।
अब वह मॉम की चूत से खेलने लगा और चाटने लगा।
मॉम अपने दोनों हाथों से उसके बालों को खींच रही थीं और आह आह कर रही थीं।
फिर कुछ देर बाद उसने मॉम को डॉगी स्टाइल में बना दिया।
मॉम ने अपने चेहरे को नीचे कर दिया और हाथ फैला कर लेट गईं।
उन्होंने अपने चूतड़ अब्दुल की तरफ उठा दिए।
अब्दुल ने थूक लगाया और लंड अंदर डाल दिया।
हॉट मॉम फक शुरू हो गया, मॉम ने शक्ल बनाई, पर अब वे अब्दुल के लौड़े के लिए रवां हो गई थीं।
उसने मॉम के बालों को खींचा और झटके देना शुरू कर दिया।
जिस पर मॉम अपने मुंह पर हाथ रखकर सिसकारियां रोकने की कोशिश कर रही थीं।
फिर भी जोर-जोर से आवाज आ रही थी, उम्म। उईईईई। उहह। मॉमआआ। मर गई आज तो!
तभी अब्दुल ने अपना हाथ कमर पर लगाया और मॉम को झुका दिया।
वह अब और जोर जोर से झटका मारने लगा।
मेरी मॉम उसके बंधन में एक तरह से फंस सी गई थीं।
उधर अब्दुल जोर-जोर से मॉम की चूत में अपना मोटा लंड पेल रहा था।
मोटे लौड़े से मीठे दर्द का अहसास करती हुई मेरी मॉम अब वह जोर-जोर से चिल्ला रही थीं और अब्दुल को जोश दिला रही थीं।
उनकी आवाजों से पूरी छत गुंजाएमान हो गई थी।
तभी अब्दुल ने लंड चुत से बाहर निकाला और मेरी मॉम की चूत फिर से पानी छोड़ने लगी।
मॉम हांफती हुई बोलीं, इतनी टाइमिंग। उम्म। इतनी देर तक तो तीन आदमी कर भी काम फिनिश कर लेते।
अब्दुल बोला, साली तूने कभी असली लंड लिया ही नहीं था, आज मेरे मूसल लौड़े से लगी है तो तेरी चुत की चटनी बना कर रहूँगा।
ये कहकर वह मॉम को अपने दोनों हाथों में भरकर वहीं जमीन पर लेट गया और वे दोनों अपने अपने जिस्म को एक-दूसरे से मिलाकर एक-दूसरे को रगड़ने लगे, दबोचने लगे।
फिर उसने मेरी मॉम के ब्लाउज़ को निकाल फेंका और मॉम के बालों को पकड़ कर उन्हें खड़ी कर दिया।
मॉम खड़ी हुईं, तो उसने मॉम की पैंटी को और नीचे घुटनों तक कर दिया और उनके टांगों के बीच में चाटने लगा।
जिस पर मॉम को मजा आने लगा और वे मदभरी सिसकारियां भरती हुई अपनी गांड को अब्दुल के मुंह पर रगड़ने लगी थीं, उम्म। उहह। हहह!
तभी अब्दुल ने अपने बिना झड़े लंड को वापस से तैयार किया और मॉम की एक टांग से पैंटी बाहर निकाल कर उसके पीछे आ गया।
उसने मॉम की टांगें उठा दीं और उन्हें हवा में लटकाते हुए एक हाथ से चूचों को दबोचा और दूसरे हाथ से मॉम की गांड को मसलते हुए अपना लंड चुत के अंदर पेल दिया।
एकदम से लंड अंदर घुसा तो मॉम एक बार पुनः जोर की सिसकारी लेकर कराहने लगी थीं।
तभी अब्दुल ने जोर जोर के झटके लगाने शुरू कर दिए।
इस बार पोज कुछ ऐसा था कि अब्दुल का लंड मॉम के पेट तक झटके मारता दिख रहा था।
मॉम उसके गले में अपने हाथ डाल कर उससे लटकी हुई थीं और उसे पकड़ कर उसके झटकों पर चीख रही थीं।
तभी शांति सी आ गई, मॉम की चुत ने पुन: झरना बहा दिया था।
अब्दुल ने अपना लंड चुत से बाहर निकाला, तो मैंने देखा कि चुत में से अब्दुल के लौड़े का माल टपक रहा था। उसका वह माल उन दोनों की टांगों पर गिर रहा था।
तभी मॉम की चूत से झरने की तरह पानी की बौछार निकली और मॉम का शरीर कांप उठा था।
वे उसके हाथों में लटकी हुई थीं।
तभी एक फ्लैशलाइट जल गई।
मॉम ने तुरंत अपनी पैंटी ऊपर कर ली और अपने चूचों को हाथों से ढककर शॉक और डर से कांपती हुई खड़ी हो गईं।
वहां से एक लड़का आ रहा था।
अब्दुल बोला, डर मत, ये मेरा दोस्त है। रेहान नाम है इसका!
मॉम बिना कुछ बोले, डर भरी आंखों से बस हल्की सी आवाज में उम्म आह कर रही थीं।
रेहान नजदीक आया और उसने मेरी मॉम की चुत से टपकता माल उंगली से लेकर अपने मुंह में भर लिया।
अगले ही पल अब्दुल ने कहा, माल पसंद आया?
वह बोला, हां मस्त माल है इसका। चल अब मैं चोदूंगा इसे।
मॉम डर कर कांप उठीं और बोलीं, आज नहीं!
अब्दुल बोला, चल आज नहीं। कल चोद देगा, अब खुश!
मॉम हंस दीं।
मैं समझ गया कि मेरी रांड मॉम को एक और लंड मिल गया है।
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